राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु आज इम्फाल पहुंचीं, जहाँ उन्होंने सिटी कन्वेंशन सेंटर में मणिपुर सरकार द्वारा आयोजित नागरिक अभिनंदन समारोह में हिस्सा लिया। कार्यक्रम के दौरान उन्होंने कई नई विकास परियोजनाओं की आधारशिला रखी और कुछ का उद्घाटन भी किया।
अपने संबोधन में राष्ट्रपति ने कहा कि मणिपुर सिर्फ प्राकृतिक सुंदरता का नहीं, बल्कि प्रतिभा और संभावनाओं का भी राज्य है। उन्होंने यहां के युवाओं, महिलाओं और सांस्कृतिक विरासत की विशेष रूप से सराहना की।
“मणिपुर के युवा, संस्कृति और प्रकृति मणिपुर को खास बनाते हैं”
राष्ट्रपति मुर्मु ने कहा कि मणिपुर के लोगों ने खेल, कला, सशस्त्र बलों और सार्वजनिक सेवाओं में देश को कई बार गौरवान्वित किया है। उन्होंने कहा—
“मणिपुर के युवा और यहां की संस्कृति इस राज्य को असीमित संभावनाओं वाला बनाते हैं।”
हिंसा के समय लोगों ने बहुत दर्द झेला—राष्ट्रपति
राष्ट्रपति ने हाल के महीनों में मणिपुर में हुई हिंसा का उल्लेख करते हुए कहा कि वह जनता की पीड़ा से परिचित हैं। उन्होंने भरोसा दिलाया कि केंद्र सरकार की पहली प्राथमिकता है—
- राज्य में शांति बहाल करना,
- सभी समुदायों के बीच सद्भाव मजबूत करना,
- और मणिपुर को तेज़ी से विकास के रास्ते पर आगे बढ़ाना।
उन्होंने कहा कि सरकार यह सुनिश्चित करेगी कि विकास के लाभ राज्य के हर जिले और हर समुदाय तक पहुंचें।
मणिपुर—दक्षिण-पूर्व एशिया का प्रवेश द्वार
राष्ट्रपति ने बताया कि मणिपुर, अपनी भौगोलिक स्थिति के कारण, भारत और दक्षिण-पूर्व एशिया के बीच एक मजबूत पुल बन सकता है। यहां का प्राकृतिक सौंदर्य, संस्कृति और मेहनतकश लोग इसे आर्थिक और सामाजिक प्रगति के लिए एक बेहतर केंद्र बना सकते हैं।
मणिपुर की बहादुर महिलाओं का ज़िक्र
राष्ट्रपति मुर्मु ने नुपी लाल आंदोलन का उल्लेख करते हुए कहा कि मणिपुर की महिलाएं हमेशा से साहस और नेतृत्व का प्रतीक रही हैं।
उन्होंने कहा—
“मणिपुर की महिलाओं ने इतिहास में दो बार औपनिवेशिक शक्तियों के खिलाफ लड़ाई लड़ी। उनका साहस आज भी प्रेरणा देता है।”
उन्होंने बताया कि राज्य की महिलाएँ आज भी शिक्षा, व्यापार और सामाजिक क्षेत्रों में बड़ी भूमिका निभा रही हैं।
सद्भाव सबसे बड़ी ताकत—राष्ट्रपति मुर्मु
राष्ट्रपति ने कहा कि मणिपुर की असली ताकत उसकी विविधता और आपसी भाईचारा है। उन्होंने उम्मीद जताई कि घाटी और पहाड़ी क्षेत्रों के लोग एक-दूसरे का सम्मान करते हुए राज्य को स्थिरता और समृद्धि की ओर ले जाएंगे।
उन्होंने कहा—
“मणिपुर के लोग मेहनती और प्रतिभाशाली हैं। अगर हम सभी मिलकर शांति बनाए रखें तो राज्य नई ऊंचाइयों को छू सकता है।”
लॉन्च की गई विकास परियोजनाएँ
इम्फाल में आयोजित कार्यक्रम में राष्ट्रपति ने कई विकास परियोजनाओं का शुभारंभ किया। इन परियोजनाओं का उद्देश्य है—
- बुनियादी ढांचे को मजबूत करना
- युवाओं के लिए रोजगार बढ़ाना
- शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार
- पर्यटन और व्यापार को नई दिशा देना
सरकार का लक्ष्य है कि विकास का लाभ सिर्फ शहरों तक न रहे, बल्कि राज्य के दूर-दराज़ इलाकों तक भी पहुंचे।
मणिपुर को ऐसा राज्य बनाएं जहाँ हर बच्चा सुरक्षित और हर महिला सशक्त हो
राष्ट्रपति ने राज्य के लोगों से अपील करते हुए कहा—
“हमें मिलकर मणिपुर को ऐसी जगह बनाना है जहाँ हर बच्चा सुरक्षित महसूस करे, हर महिला सशक्त हो और हर समुदाय खुद को मुख्यधारा में महसूस करे।”
उन्होंने जोर दिया कि शांति, सद्भाव और समान अवसरों से ही मणिपुर के लिए एक उज्ज्वल भविष्य संभव है।
मापाल कांगजेइबुंग में पोलो मैच भी देखा
कार्यक्रम से पहले राष्ट्रपति मुर्मु ने ऐतिहासिक मापाल कांगजेइबुंग मैदान में आयोजित पोलो प्रदर्शनी मैच भी देखा।
मणिपुर को पोलो का जन्मस्थान कहा जाता है, इसलिए यह कार्यक्रम राज्य की सांस्कृतिक पहचान को और मजबूत करता है।
समापन: उम्मीद और विकास का नया अध्याय
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु की यह यात्रा मणिपुर के लिए नए अवसर लेकर आई है।
उनके संदेश का सार यही है कि—
- शांति और भाईचारे से ही विकास संभव है,
- महिलाएं और युवा राज्य की असली ताकत हैं,
- और मणिपुर में वह सब कुछ है जो इसे देश के सबसे आगे बढ़ते राज्यों की सूची में ला सकता है।
यह दौरा मणिपुर के लिए विकास, स्थिरता और बेहतर भविष्य की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने मणिपुर में विकास परियोजनाओं की शुरुआत की